Home Blog / Life Management

CGPSC Pre निकलने के 4 जबरजस्त मंत्र

CGPSC Pre निकलने के 4 जबरजस्त मंत्र 

CGPSC Pre निकलने के 4 जबरजस्त मंत्र

CGPSC हर साल फरवरी महीने में अपना प्रारंभिक परीक्षा लेता है।  और इस एग्जाम को निकालना थोड़ा कठिन काम है। 
साल 2018 में लगभग 5 लाख अभियार्थी ने CGPSC के प्रारंभिक परीक्षा के लिए आवेदन किया था पर उनमे से लगभग 15 हज़ार अभियार्थी ही CGPSC मुख्य परीक्षा में बैठने के लिए सफल हो पाए थे।  जो की आगे केवल 280 पोस्ट के लिए प्रतियोगिता करेंगे।  

पर जो भी हो , सही समय प्रबंधन , सही ध्यान और सही दिन चर्या से इस पहाड़ को भी फ़तेह करना मुमकिन है।  एक बार इस पहाड़ की चढ़ाई कर ले तो आप छत्तीसगढ़ सरकार के उच्च क्लास सेवा जैसे डिप्टी कलेक्टर, DSP के पद पर सेवा दे सकते है। 

अपने लोक सेवा के सफर की शुरुवात कैसे करे ?
जैसे सभी को पता होगा , इसके तीन चरण होते है।  प्रारभिक, मुख्य और साक्षात्कार।  अभ्यर्थी को आगे बढ़ने से पहले हर चरण को पार करना पड़ता है।  
खैर अभी प्रारंभिक परीक्षा बात कर रहे, आईये जानते है कुछ ज़बर्ज़स्त मंत्र जो आपको प्रारंभिक में सफल होने के मौके बढ़ा देंगे। 
1. समय ही खिलाडी है

CGPSC के समंदर जैसे पाठ्यक्रम को पूरा करने का कोई रास्ता नहीं है।  अगर सही सही समय प्रबंधन नहीं है।  आपने आप को रोज पढ़ने का कुछ समय दीजिये।  भले ही थोड़ा थोड़ा पढ़े पर हर रोज पढ़े।  इसको अपनी आदत में शामिल करना बहुत लाभकारी होगा।  
वैसे तो कोचिंग करना ज़रूरी नहीं है।  पर अपने से आत्म अनुशासित होने में मुश्किल पड़ रहा है तो अच्छी कोचिंग ज्वाइन कर सकते है।  इससे रूटीन बना रहता है।  

2. क्या पढ़ना है ?
CGPSC बुनियादी रूप से विद्यालय जीवन में जो पढ़ा है उसका सार है।  प्रारंभिक परीक्षा के विषय जैसे भारतीय राष्ट्रिय ,  सामान्य विज्ञान, भूगोल , सामाजिक विज्ञानं है।  इन्हे अपने स्कूल जीवन में सभी ने पढ़ा ही होता है।  
इसके अलावा इंग्लिश , गणित , तार्किक एवं संख्यात्मक कार्य भी है।  
CGPSC इसके अलावा छत्तीसगढ़ का इतिहास,अर्थशास्त्र, लोक प्रसाशन, संविधान  है जिसके लिए एक या दो अच्छी किताब से पूरी कर सकते है। बहुत सारी किताबो के पीछे नहीं भागना है। और पूरी किताब भी पढ़ना ज़रूरी नहीं है।  बल्कि पुराने प्रश्न पेपर से टॉपिक खोज कर एक या दो किताब में निशान लगा कर पढ़े।  
एक बार निशान लगा ले फिर उसे बार बार पढ़ते रहे।
इसके अतिरिक्त सामान्य ज्ञान और समसामयिक के लिए समाचार पत्र और पत्रिका की मदद ले सकते है। 
इंटरनेट की सहायता से पढाई सम्बन्धी वीडियो पर नज़र रखते रहे। 

3. प्रयास ही सफलता की कुंजी है।  
मेरे अपने व्यक्तिगत विचार से किताबे पढ़ने के बजाये ज्यादा से ज्यादा मॉक टेस्ट और मॉडल प्रश्न पेपर देने से सफलता के मौके बढ़ जायेंगे। 
लगातार रिवीजन और मॉक टेस्ट ही वो हथियार है जो प्रारंभिक परीक्षा पर कर सकते है।  मॉक टेस्ट कमी बताने का सर्वोत्तम उपाय है।  जो बताते है की किस दिशा में पढ़ना ज़रूरी है।  लगातार प्रयास से प्रश्नो के आदि हो जायेंगे जिससे कोई प्रश्न नया सा नहीं लगेगा। 
4. आखरी ज़ोर - परीक्षा हॉल के अंदर 
आप परीक्षा हॉल तक पहुंच गए है , जबर्जस्त पूरी तैयारी भी की है , प्रेरित है।  पर यह सब बिगड़ सकता है अगर आप तनाव में है। परीक्षा देने तक शांत और प्राथमिकता मानसिकता बनाये रखे।  
बहुत ही आसान प्रश्नों से शुरुवात करे , फिर आगे कठिन प्रश्नो पर जाये जिससे अधिक से अधिक अंक ला सके।  याद रहे नेगेटिव अंक भी होते है , कट-ऑफ पार न होने की स्थिति में ही अनुमान कार्य करे। 
किसी भी प्रश्न पर ज्यादा समय न दे। चाहे उत्तर पता हो या न हो समय प्रबंधन ऐसे करे की कोई प्रश्न अनदेखा न रहे।  
और कोई बचकानी गलती न करे जल्दबाज़ी में सही उत्तर प्रश्न क्र. 1 के बजाये प्रश्न क्र. 2 में न लगा दे।  

अतः इन छोटी बड़ी बातो को ध्यान देंगे तो परीक्षा में बेहतर कर सकेंगे।  

Baca juga :

No comments:

Post a comment

to Top